up vidhan sabha

UP Budget Session : सपा के सात एमएलसी को दी गई चेतावनी नोटिस वापस

196 0
लखनऊ। विधान परिषद सदन की कार्यवाही में हंगामा और नारेबाजी करने वाले समाजवादी पार्टी के साथ विधान परिषद सदस्यों को जारी चेतावनी नोटिस आज की कार्यवाही के दौरान वापस ले ली गई है। इन सदस्यों ने सभापति कुंवर मानवेंद्र सिंह के खिलाफ व्यक्तिगत तौर पर नारेबाजी करने और उन्हें लोकतंत्र का हत्यारा बता कर हंगामा किया था।

आज विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान नेता सदन डॉ. दिनेश शर्मा ने सदन की कार्यवाही सुचारू रूप से और व्यवस्थित तरीके से संचालित किए जाने को लेकर विधान परिषद सभापति से चेतावनी नोटिस वापस किए जाने की अपील की। उनके साथ ही नेता विरोधी दल अहमद हसन ने भी इसे वापस करने की अपील की जिस पर सभापति कुंवर मानवेंद्र सिंह ने चेतावनी नोटिस वापस ली।

सपा के सात MLC को दी गई चेतावनी नोटिस वापस

विधान परिषद समाजवादी पार्टी के नेता विरोधी दल अहमद हसन ने कहा कि मैं 24 साल से इस सदन में हूं, लेकिन इस प्रकार से जो सदन में हो रहा है वह कभी नहीं हुआ। उन्होंने कहा कि चेतावनी नोटिस वापस की जाए और हम भी चाहते हैं कि सदन सुचारू रूप से और व्यवस्थित तरीके से चलाया जाए।
सभापति ने वापस ली नोटिस
विधान परिषद के सभापति कुंवर मानवेंद्र सिंह ने कहा कि नेता सदस्य दिनेश शर्मा व नेता विरोधी दल अहमद हसन का प्रस्ताव निश्चित रूप से विचार योग्य है। संसदीय पद्धति में सदन का कार्य संचालन संविधान के अनुसार होनी चाहिए। इसमें अहम भाव और हठधर्मिता का कोई स्थान नहीं होता है। पीठ की दृष्टि में छोटे बड़े सभी दल के सदस्यों को लेकर समान भाव होता है फिर भी पीठ द्वारा दलों की संख्या के आधार पर बहुसंख्यक दल के अधिक सदस्यों को अवसर दिया जाता है।
उत्तर प्रदेश विधि विरुद्ध धर्म संपरिवर्तन प्रतिषेध विधेयक 2021 विधानसभा में पास

पीठ को यह अनुभव हुआ कि विपक्ष लोकतांत्रिक तरीके से सरकार का विरोध करने के स्थान पर संख्या बल के आधार पर पीठ का विरोध करते हैं। प्रत्येक बात पर मत विभाजन की मांग करते हैं जो कि कदापि उचित नहीं है। मैं नेता सदन और नेता विरोधी दल और सभी दलीय नेताओं की भावनाओं का आदर करता हूं और यह व्यवस्था देता हूं कि 24 फरवरी को कार्य संचालन के संबंध में पीठ द्वारा दी गई चेतावनी नोटिस का कार्यवाही का भाग नहीं बनेगी। नोटिस वापस ली जाती है।

न हो अमर्यादित आचरण की पुनरावृत्ति

साथ ही उन्होंने कहा कि सदन और पीठ के प्रति अमर्यादित आचरण की पुनरावृत्ति होने पर पीठ द्वारा नियमों के अनुसार कार्य संचालन के लिए प्राप्त अधिकारों का प्रयोग किया जाएगा। मैं कार्य संचालन में सभी दलीय नेताओं और सदस्यों से सहयोग की अपेक्षा करता हूं।

इन सपा एमएलसी के खिलाफ हुई थी नोटिस जारी

विधान परिषद के सभापति कुंवर मानवेंद्र सिंह ने समाजवादी पार्टी के विधान परिषद सदस्य आनंद भदौरिया, राजेश यादव, सुनील सिंह साजन, संजय लाठर, उदयवीर सिंह, राजपाल कश्यप और संतोष यादव सनी के खिलाफ चेतावनी नोटिस जारी की गई थी. जिसे वापस किया गया है।

Related Post

राम मंदिर शिलान्यास को लेकर बसपा का तंज, कहा- अशुभ घड़ी में हुआ भूमि पूजन

Posted by - August 6, 2021 0
उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव को लेकर सियासी तैयारियां शुरु हो गई हैं, बसपा ने भी राम मंदिर के मुद्दे…
Arvind kejariwal

राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन विधेयक का विरोध करें विपक्षी पार्टियां : आम आदमी पार्टी

Posted by - March 23, 2021 0
राष्ट्रीय राजधानी राज्यक्षेत्र शासन (संशोधन) विधेयक 2021 को लोकसभा से मंजूरी मिल चुकी है। इस विधेयक का शुरू से ही…
नागरिकता संशोधन विधेयक

Flashback 2019: कैब भारत की धार्मिक विविधता के ख़िलाफ़, आईपीएस अब्दुर्रहमान का इस्तीफा

Posted by - December 12, 2019 0
नई दिल्ली। संसद के दोनों से नागरिकता संशोधन विधेयक पर मुहर लगने के बाद देश के गृहमंत्री अमित शाह संसद…