चिदंबरम को जमानत

पी. चिदंबरम को 105 दिन बाद खुली हवा में लेंगे सांस, विदेश जाने पर रोक

705 0

नई दिल्ली। सुप्रीम कोर्ट ने मनी लांड्रिंग के ईडी वाले मामले में पूर्व केन्द्रीय मंत्री पी चिदंबरम को बुधवार को जमानत दे दी है। बता दें कि 105 दिन जेल में रहने के बाद चिदंबरम अब खुली हवा की सांस ले सकते हैं। जस्टिस आर भानुमति की अध्यक्षता वाली बेंच ने यह फैसला सुनाया है। सुप्रीम कोर्ट ने दो लाख रुपये के मुचलके पर उन्हें जमानत दी है। चिदंबरम के बेटे कार्ति ने बताया कि वह गुरुवार को संसद की कार्यवाही में भी हिस्सा लेंगे।

राहुल गांधी ने ट्वीट किया, पी चिदंबरम की 106 दिनों की कैद प्रतिशोधपूर्ण थी

वहीं राहुल गांधी ने ट्वीट किया कि पी चिदंबरम की 106 दिनों की कैद प्रतिशोधपूर्ण थी और पूरा भरोसा है कि वह निष्पक्ष सुनवाई में खुद को निर्दोष साबित कर देंगे। दिल्ली की रोस एवेन्यू कोर्ट ने सुप्रीम कोर्ट के निर्देशानुसार 2 लाख रुपये के जमानत बांड और इस तरह की राशि की जमानत जारी की है।हालांकि उन्हें देश छोड़ने के लिए पहले अदालत से अनुमति लेनी होगी। चिदंबरम को आईएनएक्स मीडिया डील मामले में मीडिया में कुछ भी बयान देने से मना किया गया है। पिछले 28 नवम्बर को कोर्ट ने सभी पक्षों की दलीलें सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया था।

सुप्रीम कोर्ट ने चिदंबरम को निर्देश दिया कि वह जांच में सहयोग करें

सुप्रीम कोर्ट ने चिदंबरम को निर्देश दिया कि वह जांच में सहयोग करें। सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि उसके फैसले का दूसरे अभियुक्तों के मामले पर कोई फर्क नहीं पड़ेगा। कोर्ट ने कहा कि वह सीलबंद लिफाफे को नहीं देखना चाहती है। चूंकि हाईकोर्ट ने इन दस्तावेजों को देख लिया था। इसलिए हम उसे नहीं देखना चाहते हैं। चिदंबरम ने हाईकोर्ट के आदेश को ही चुनौती दी है। सीबीआई की ओर से दायर केस में चिदंबरम को पहले ही जमानत मिल चुकी है। फैसला सुनाए जाने के वक्त वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल, अभिषेक मनु सिंघवी, सलमान खुर्शीद के अलावा सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता कोर्ट में मौजूद थे।

भूख बढ़ाने, पेट की चर्बी घटाने में बहुत फायदेमंद हैं ये तीन योगासन 

ईडी की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा था कि अगर बेल मिली तो आम आदमी का सिस्टम से भरोसा खत्म हो जाएगा

सुनवाई के दौरान ईडी ने चिदंबरम की जमानत याचिका का विरोध किया। ईडी की ओर से सॉलिसिटर जनरल तुषार मेहता ने कहा कि चिदंबरम की तरफ से कहा गया है कि मैं रंगा-बिल्ला नहीं हूं, तो मुझे क्यों जेल में रखा जा रहा है। इसका जवाब यह है कि इस अपराध की गंभीरता समाज पर प्रभाव डालती है। तुषार मेहता ने कहा था कि अगर बेल मिली तो आम आदमी का सिस्टम से भरोसा खत्म हो जाएगा। आरोपित वित्त मंत्री के पद पर थे। मेहता ने कहा कि एक गवाह ने उनके साथ आमने-सामने बैठने से मना कर दिया है। उस गवाह ने कहा कि वह बहुत प्रभावशाली हैं। मेहता ने कहा था कि क्या हम तभी करवाई करेंगे जब अपराध करने वाला रंगा-बिल्ला होगा?

Related Post

CM Dhami

देवभूमि से पवित्र नदियों का जल लेकर रवाना हुई कलश यात्रा, सीएम धामी ने दिखाई हरी झंडी

Posted by - July 11, 2025 0
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (CM Dhami) ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री आवास से कुशीनगर में भगवान सूर्य की मूर्ति के जलाभिषेक…
'इनटू द वाइल्ड विद बीयर ग्रिल्स' शो

रजनीकांत संग शूट बीयर ग्रिल्स शो का प्रोमो लॉन्च, इस दिन होगा टेलीकास्ट

Posted by - February 27, 2020 0
नई दिल्ली। डिस्कवरी चैनल के पॉपुलर शो ‘इनटू द वाइल्ड विद बीयर ग्रिल्स’ में सुपरस्टार रजनीकांत का फर्स्ट लुक बीते…

राहुल गांधी बोले-‘मोदीनॉमिक्स’ ने देश की अर्थव्यवस्था को डुबो दिया

Posted by - November 15, 2019 0
नई दिल्ली। कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने ग्रामीण क्षेत्रों में प्रति व्यक्ति द्वारा खर्च की औसत राशि में…