भड़काऊ भाषण देने वाले रामभक्त गोपाल की याचिका खारिज

36 0

दिल्ली में सीएए प्रोटेस्ट के दौरान जामिया यूनिवर्सिटी के बाहर प्रदर्शनकारियों पर गोली चलाने के बाद चर्चा में आए रामभक्त गोपाल फिर से चर्चा में है। गुरुग्राम के पटौदी स्थित रामलीला मैदान में धर्मांतरण को लेकर बुलाई गई बैठक में गोपाल ने भड़काऊ भाषण दिया जिसके बाद उसे गिरफ्तार कर लिया गया।

जमानत के लिए उसने गुरुग्राम की अदालत में याचिका डाली तो कोर्ट ने खारिज कर दी, कहा- ऐसे लोग कोरोना महामारी से भी ज्यादा हानिकारक हैं।पुलिस ने कोर्ट में अपना पक्ष रखते हुए कहा- अगर इन्हें जमानत दी गई तो पटौदी इलाके में दंगे भड़क सकते हैं, कानून व्यवस्था खराब हो सकती है। बता दें कि गोपाल में पंचायत में कहा था कि मुस्लिम लड़कियों को जबरन अगवा करो, मुस्लिमों को जब काटा जाएगा तो वह राम राम चिल्लाएंगे।

गुरुवार को पटौदी के कोर्ट नंबर 2 में जज मोहमद साबिर के समक्ष गोपाल शर्मा की जमानत को लेकर सुनवाई पूरी हुई। सुनवाई के बाद जज ने जमानत याचिका खारिज कर दी।

गांव जमालपुर निवासी दिनेश ने पुलिस को शिकायत दी थी कि चार जुलाई को पटौदी के रामलीला मैदान में महापंचायत का आयोजन हुआ था। महापंचायत में गोपाल शर्मा उर्फ राम भक्त गोपाल ने भड़काऊ भाषण दिया था। उनको आशंका है कि भाषण से दंगे भड़क सकते हैं और कानून-व्यवस्था भी खराब हो सकती है।

PM- UP ने पूरे समार्थ्य से कोरोना का मुकाबला किया, ओवैसी- जनता के जख्मों पर छिड़क दिया नमक

महापंचायत में उनका भाषण धार्मिक भावनओं को भड़काने वाला था। उनका भाषण सोशल मीडिया पर वायरल हो गया। उसका लिंक पुलिस को भेजा गया था। इस महापंचायत में सैकड़ों लोगों के मौजूद होने की बात बताई गई थी। पुलिस ने शिकायत के आधार पर रामभक्त गोपाल शर्मा को गिरफ्तार कर उसे जेल भेज दिया था।

Divyansh Singh

मिट्टी का तन, मस्ती का मन; छड़ भर जीवन, मेरा परिचय।

Related Post

Wasim Rizvi

बगदादी और ओवैसी ए​क जैसे, वह जुबान से फैला रहे है आतंक : वसीम रिजवी

Posted by - November 17, 2019 0
लखनऊ। शिया सेंट्रल वक्फ बोर्ड के चेयरमैन वसीम रिजवी ने ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (AIMIM) के प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी पर…