बेटी का 'फर्ज'

पिता की मौत के बाद भावना ने अंतिम संस्कार कर निभाया बेटी का ‘फर्ज’

1557 0

कासगंज। बेटा और बेटी में कोई अंतर नहीं होता है। इस बात को कासगंज की एक बेटी ने सच साबित कर दिखा है। कासगंज की बेटी ने अपने पिता की मौत हो जाने के बाद गंगाघाट जाकर अंतिम संस्कार अपने हाथों से संपन्न किया।

केरल : दिहाड़ी मजदूर रातों रात बना करोड़पति, 12 करोड़ की लगी लॉटरी 

एसजेएस इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य आरके पाठक का बीमारी के चलते अपोलो अस्पताल में निधन हो गया

भावना ने पुत्र का फर्ज निभाकर बेटा और बेटी के अंतर को मिटा दिया है। नगर के एसजेएस इंटर कॉलेज के प्रधानाचार्य आरके पाठक का बीमारी के चलते अपोलो अस्पताल में निधन हो गया। प्रधानाचार्य आरके पाठक के केवल एक ही बेटी भावना पाठक हैं। जिसकी पिछले माह ही 17 जनवरी को बदायूं से शादी हुई है।

कार्तिक बोले-शाहरुख से मेरी कोई तुलना नहीं, लेकिन ऐसी तारीफ सम्मान की बात

पिता के बीमार होने पर भावना चिकित्सालय में रही। रात को उनका शव कासगंज लाया गया। बुधवार को शवयात्रा के बाद कछला गंगाघाट जाकर भावना ने पिता की चिता को मुखाग्रि दी। यह देखकर सभी लोग बेटी के हौंसले को सलाम करते नजर आ रहे थे।

पिता के निधन पर उनका अंतिम संस्कार स्वयं किया और मोक्ष की कामना की

कछला गंगाघाट पर लोगों के बीच यही चर्चा थी कि बेटा और बेटी में कोई अंतर नहीं होना चाहिए। भावना ने कहा कि उनके पिता ने उन्हें हमेशा लाड़ प्यार से पाला था। उनके मन में हमेशा माता-पिता की सेवा करने की भावना थी। आज पिता के निधन पर उनका अंतिम संस्कार स्वयं किया और मोक्ष की कामना की।

Related Post

येदियुरप्पा के करीबी के घर IT की छापेमारी, करोड़ों के कॉन्ट्रैक्ट फिक्सिंग का मामला

Posted by - October 7, 2021 0
नई दिल्ली। आयकर अधिकारियों ने गुरुवार को बेंगलुरु सहित कर्नाटक के कई स्थानों पर छापेमारी की। ये छापेमारी कर्नाटक के…
CM Dhami

सीएम धामी ने कारगिल विजय दिवस के अवसर पर शहीदों के परिवारजनों को किया सम्मानित

Posted by - July 26, 2025 0
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (CM Dhami) ने शनिवार को गांधी पार्क, देहरादून में कारगिल विजय दिवस (शौर्य दिवस) के अवसर…
नारी सशक्तीकरण

नारी सशक्तीकरण : ममता ने कर्ज लेकर ईरिक्शा खरीद गांव में बेचती हैं सब्जियां 

Posted by - June 11, 2020 0
देहरादून। उत्तराखंड की एक महिला ने खुद के प्रयास से आत्मनिर्भर व स्वावलंबी बनकर नारी सशक्तीकरण की मिसाल पेश की…