दिवाली पर लक्ष्मी पूजन से बरसेगी कृपा, 37 साल बाद बना महासंयोग

1033 0

लखनऊ डेस्क। कार्तिक मास की चतुर्दशी 27 नवंबर को दिवाली धूमधाम से मनाई जाएगी। कार्तिक माह में वर्ष की सबसे अंधेरी रात को दिवाली का मुख्य त्योहार मनाया जाता है। दिवाली के दिन सूर्यदेव का दिन, चित्रा नक्षत्र और अमावस्या का लगभग 37 साल बाद बना महासंयोग महालक्ष्मीजी की कृपा बरसाएगा। साथ ही मां काली की आराधना भी फलेगी।

ये भी पढ़ें :-धनतेरस के दिन इन बैंकों ने ग्राहकों के लिए निकाला खास ऑफर 

आपको बता दें शनिवार को नरक चतुर्दशी के साथ-साथ छोटी दिवाली भी है। शाम को दीपक जलाया जाएगा। इस दिन नरकासुर ने संतों के परिवारों की 16 हजार स्त्रियों को बंदी बना लिया था।  नरकासुर का अत्याचार बढ़ने पर देवता औराषि-मुनि श्रीकृष्ण की शरण में आए। भगवान श्रीकृष्ण ने कार्तिक मास के कृष्ण पक्ष को नरकासुर का वध किया। तब देवताओं ने दिवाली मनाई।

ये भी पढ़ें :-Dhanteras 2019: जानें क्यों मनाया जाता है धनतेरस का त्यौहार 

जानकारी के मताबिक कार्तिक माह में वर्ष की सबसे अंधेरी रात को दिवाली का मुख्य त्योहार मनाया जाता है। पूजा के लिए उत्तम समय (वृश्चिक लग्न): 07:30 बजे से 07:35 बजे वहीँ उत्तम में लाभ का चौघड़िया पूजा समय : 08:36 बजे से है।

Related Post

कटरीना कैफ

अक्षय का हाथ थामे नजर आ रही करटीना की यह फोटो सोशल मीडिया पर हो रही वारयल

Posted by - January 13, 2020 0
एंटरटाइनमेंट डेस्क। ऐसे कई सारे फिल्मी एक्टर और एक्ट्रेस हैं, जो फिल्म में एकसाथ कम करते-करते एक अच्छे दोस्त का…