यूपी : 5 महीने बीतने के बाद भी पंचायत चुनाव में जान गवाने वाले लोगों के परिजनों को नहीं मिली मदद

716 0

उत्तर प्रदेश में पंचायत चुनाव के दौरान करीब 1600 कर्मचारियों की मौत हुई थी, इसके पीछे कोरोना के बीच चुनाव को बड़ी वजह बताया गया। पहले तो सरकार ने इतनी मौतों को माना नहीं लेकिन हल्ला मचा और दबाव बढ़ा तो मान लिया लेकिन पांच महीने बीतने के बाद भी आर्थिक मदद नहीं की। 37 वर्षीय संतोष कुमार मलीहाबाद में अध्यापक थे, बीमार होने के बाद भी ड्यूटी लगाई गई और ड्यूटी से लौटने पर ऑक्सीजन की कमी से मर गए।

संतोष की पत्नी बताती हैं कि सरकार ने मदद की बात कही लेकिन आज तक नहीं की, संतोष के पिता हर दिन सरकारी दफ्तरों के चक्कर लगा रहे हैं। ऐसा ही मामला राज किशोर के परिजनों के साथ है, परिवार के सिर पर 12 लाख का लोन है लेकिन आमदनी खत्म हो चुकी है, सरकार मदद को आगे नहीं आ रही है।

‘पत्नी के साथ जबरदस्ती शारीरिक संबंध बनाना दुष्कर्म नहीं’ छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट पर भड़कीं तापसी और सोना

उत्तर प्रदेश में कोरोना संक्रमण के बीच पंचायत चुनाव को लेकर शुरू से ही सवाल उठ रहे थे। लेकिन अब चुनाव ड्यूटी में लगे सैकड़ों शिक्षकों की कथित तौर पर कोरोना संक्रमण से हुई मौत के मामले ने एक अलग ही बहस को जन्म दे दिया है। और अब शिक्षकों के परिजनो को अपना हक़ मांगने के लिए दर दर की ठोकरे खाने को मजबूर किया जा रहा है। 

Related Post

pension

वृद्धावस्था पेंशन के आधार सत्यापन में पश्चिमी उत्तर प्रदेश सबसे आगे

Posted by - September 26, 2022 0
लखनऊ। उत्तर प्रदेश में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) के नेतृत्व में वृद्धावस्था पेंशन योजना (Pension) में आधार सत्यापन की…
AK Sharma

पर्यावरण मानक के अनुरूप होगा सुपर क्रिटिकल टेक्नोलॉजी आधारित जवाहरपुर पावर प्लांट: एके शर्मा

Posted by - December 7, 2023 0
एटा। प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री  एके शर्मा (AK Sharma) गुरूवार को एटा जनपद के मलावन गांव में…
Dilapidated school buildings will be demolished

मुख्यमंत्री के निर्देश के बाद बेसिक शिक्षा विभाग सख्त एक्शन मोड में, ध्वस्त होंगे जर्जर भवन

Posted by - August 5, 2025 0
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) की सख्त चेतावनी के बाद बेसिक शिक्षा विभाग ने परिषदीय विद्यालय परिसरों में स्थित…