शिवराज सिंह ने भाजपा की हार को स्वीकारा,मुख्यमंत्री पद से दिया इस्तीफा

1245 0

भोपाल। विधानसभा चुनाव के नतीजे आने के बाद शिवराज सिंह चौहान ने भाजपा की हार को स्वीकार कर लिया है और अपने मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया है।उन्होंने कहा कि भाजपा सरकार बनाने का दावा पेश नहीं करेगी। हमारे पास बहुमत नहीं है। उधर, मायावती ने मध्यप्रदेश और राजस्थान में कांग्रेस को समर्थन देने की बात कही है। विधानसभा चुनाव में कांग्रेस को 114, भाजपा को 109 सीटें मिली हैं। उधर, कांग्रेस के प्रदेश अध्यक्ष कमलनाथ ने राज्यपाल आनंदीबेन पटेल से मिलकर सरकार बनाने का दावा पेश किया।

साथ ही शिवराज ने कहा- “अब मैं मुक्त हूं। न हार में, न जीत में, किंचित नहीं भयभीत मैं, कर्तव्य पथ पर जो भी मिले, ये भी सही वो भी सही।” ज्योतिरादित्य सिंधिया ने कहा- ”जनता ने जनादेश दिया है। उनकी आशाओं और अभिलाषाओं पर खरा उतरेंगे। हमारा लक्ष्य यही था कि भाजपा की भ्रष्ट सरकार को उखाड़ कर फेकेंगे। पार्टी आलाकमान जो निर्देश देंगे उसी के मुताबिक मुख्यमंत्री का फैसला लेंगे। हमारे पास बहुमत है। शिवराज और भाजपा को अहंकार छोड़कर जमीन पर चलना चाहिए। उनका नारा था कि अबकी बार 200 पार, लेकिन पांचों राज्यों की सीटें मिलाने पर भी 200 पार नहीं हो पा रही हैं। माफ करो शिवराज, अब जनता का राज।”

उधर एके एंटनी बुधवार को पर्यवेक्षक के रूप में भोपाल पहुंचेंगे। यहां वे पार्टी के नव निर्वाचित विधायकों की बैठक में भाग लेंगे। यह माना जा रहा है कि एंटनी दिल्ली से प्रस्तावित मुख्यमंत्री का नाम सहमति के लिए विधायकों के सामने रखेंगे। बता दें कि पार्टी में मुख्यमंत्री के चेहरे के रूप में प्रदेेशाध्यक्ष कमलनाथ और ज्योतिरादित्य सिंधिया के नाम उभर कर सामने आए हैं।

गौरतलब है कि कांग्रेस का दावा है कि चार निर्दलीय ठाकुर सुरेंद्र सिंह शेरा (बुरहानपुर), राणा विक्रम सिंह (सुसनेर), प्रदीप जायसवाल (वारासिवनी) और केदार चिदाभाई डावर (भगवानपुरा) कांग्रेस को समर्थन दे सकते हैं। इन चारों प्रत्याशियों ने कांग्रेस से बागी होकर निर्दलीय चुनाव लड़ा था। कांग्रेस को सपा के राजेश कुमार (बिजावर) और बसपा के संजीव सिंह (भिंड) और रामबाई गोविंद सिंह (पथरिया) का भी समर्थन मिल सकता है।

इसके बाद मायावती ने कहा- नतीजे दिखाते हैं कि छत्तीसगढ़, राजस्थान और मध्यप्रदेश जैसे राज्यों में लोग पूरी तरह भाजपा और उसकी जन विरोधी नीतियों के खिलाफ हैं। इसीलिए जनता ने विकल्प की कमी के चलते कांग्रेस को चुना। हम कांग्रेस की कई नीतियों का समर्थन नहीं करते लेकिन मध्यप्रदेश में हम उसका समर्थन करेंगे।

Related Post

Cm Yogi In up assembly

UP Budget 2021-22 Highlights: विधानसभा चुनाव से पहले खुला योगी सरकार का पिटारा

Posted by - February 22, 2021 0
लखनऊ।  योगी सरकार ने गंगा एक्सप्रेस-वे के लिए बड़ी धनराशि के साथ निर्माणाधीन एक्सप्रेस-वे को चुनावों से पहले पूरा करने…
Arvind Kejariwal

केजरीवाल का ऐलान दिल्ली वालों को मुफ्त लगेगी कोरोना वैक्सीन, 1.34 करोड़ डोज का ऑर्डर दिया

Posted by - April 26, 2021 0
नई दिल्ली। कोरोना और ऑक्सीजन कमी की दोहरी मार झेल रही दिल्ली के लिए राहत भरी खबर है। एक मई…
Pushkar Singh

उत्तराखण्ड में रोड़ कनेक्टिविटी लगातार हो रही मजबूत: पुष्कर सिंह धामी

Posted by - March 31, 2022 0
देहरादून: मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (Pushkar Singh Dhami) ने पांवटा साहिब-बल्लुपुर राजमार्ग के उन्नयन व फोरलेन हेतु वित्तीय स्वीकृति दिए…