निर्भया केस

निर्भया केस : दोषी अक्षय का नया पैंतरा, फांसी टलने के लिए दोबारा डाली दया याचिका

214 0

नई दिल्ली। निर्भया केस के दोषी अक्षय कुमार सिंह ने तीन मार्च को होने वाली फांसी को टालने के लिए एक नया पैंतरा चला है। हालांकि अक्षय के सभी कानूनी विकल्प खत्म हो चुके हैं, लेकिन उसने दोबारा एक दया याचिका दायर की है।

वकील का दावा है कि पिछली दया याचिका अक्षय के माता-पिता ने डाली थी जिसके पेपर पूरे नहीं थे

बता दें कि अक्षय पहले भी एक बार दया याचिका डाल चुका है जिसे राष्ट्रपति ने खारिज कर दिया था। उसने ये याचिका दोबारा इसलिए डाली है क्योंकि उसके वकील का दावा है कि पिछली दया याचिका अक्षय के माता-पिता ने डाली थी जिसके पेपर पूरे नहीं थे। अधूरी दया याचिका होने के कारण राष्ट्रपति केस के सभी पहलुओं से वाकिफ नहीं हो पाए थे। इसलिए दोबारा दया याचिका दायर की गई है। यह सारी बातें अक्षय के वकील एपी सिंह ने एक सुनवाई के दौरान कही थी। अब देखना है कि इस दया याचिका पर राष्ट्रपति क्या फैसला देते हैं।

दोषियों के वकील कानून के इन्हीं प्रावधानों का इस्तेमाल कर अब तक दो बार टलवा चुके हैं फांसी 

माना जा रहा है कि फांसी की तारीख नजदीक आते ही दोषियों का इस तरह अपने कानूनी विकल्पों को इस्तेमाल करना फांसी में देरी करने की एक तरकीब है। दोषियों के वकील कानून के इन्हीं प्रावधानों का इस्तेमाल कर अब तक दो बार फांसी टलवा चुके हैं। पहली बार दोषियों को फांसी 22 जनवरी को होनी थी जिसे बाद में टालकर एक फरवरी कर दिया गया था। दोनों बार फांसी टलने के बाद तीसरा डेथ वारंट तीन मार्च का जारी किया गया, लेकिन अब ऐसा लग रहा है कि ये तारीख भी टल जाएगी।

तालिबान व अमेरिका में समझौता, 14 महीने में अफगानिस्तान से वापस होगी पूरी सेना

वकील एपी सिंह ने इस महीने की शुरुआत में कहा था कि राष्ट्रपति ने दोषी ठाकुर की “अधूरी दया याचिका” को अस्वीकार करके “न्याय का पूर्ण गर्भपात” कराया था। मीडिया रिपोर्टों के माध्यम से, मैंने सुना है कि अक्षय ठाकुर की ओर से दया याचिका भारत के राष्ट्रपति द्वारा खारिज कर दी गई थी। इस संबंध में, मैं स्पष्ट करना चाहता हूं कि 31 जनवरी को राष्ट्रपति द्वारा एक अधूरी दया याचिका दायर की गई थी।

राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने 5 फरवरी को दोषी ठाकुर की दया याचिका को खारिज कर दिया

राष्ट्रपति राम नाथ कोविंद ने 5 फरवरी को दोषी ठाकुर की दया याचिका को खारिज कर दिया था। अब तक विनय शर्मा और मुकेश सिंह की दया याचिका भी खारिज कर दी गई है। इस बीच, इस मामले में एक अन्य दोषी, पवन गुप्ता ने सुप्रीम कोर्ट के समक्ष एक उपचारात्मक याचिका दायर कर अपनी मौत की सजा को उम्रकैद की सजा की मांग की है।

यह तब होता है जब दोषियों के लिए एक ताजा मृत्यु वारंट जारी किया गया है विनय शर्मा, अक्षय ठाकुर, पवन गुप्ता और मुकेश सिंह को 3 मार्च को सुबह 6 बजे फांसी दी जानी है। यह मामला 16 दिसंबर, 2012 की रात को दिल्ली में एक किशोर सहित छह लोगों द्वारा चलती बस में 23 वर्षीय पैरामेडिकल छात्रा के साथ सामूहिक बलात्कार और हत्या करने से संबंधित था। महिला की कुछ दिनों बाद सिंगापुर के एक अस्पताल में मौत हो गई थी।

Loading...
loading...

Related Post

राजनाथ सिंह

भारत रक्षा उत्पादन क्षेत्र में पूरी दुनिया में बड़ी हस्ती होकर उभरेगा : राजनाथ सिंह

Posted by - February 8, 2020 0
लखनऊ। राजधानी लखनऊ में पांच दिवसीय रक्षा प्रदर्शनी ‘डिफेंस एक्सपो-2020’ का शनिवार शाम को औपचारिक समापन हो गया। हालांकि आम…
संजय राऊत

शिवसेना और कांग्रेस के बीच राजनीतिक मतभेद,लेकिन दुश्मन नहीं : संजय राउत

Posted by - November 10, 2019 0
मुंबई। महाराष्ट्र में भारतीय जनता पार्टी और शिवसेना के बीच जुबानी दंगल जारी है। रविवार को एक बार फिर शिवसेना…
एकेटीयू का ऑनलाइन टीचिंग-लर्निंग वीडियो

कोरोना से बचाव के लिए एकेटीयू ने ऑनलाइन टीचिंग-लर्निंग का वीडियो लांच किया

Posted by - March 18, 2020 0
लखनऊ। डॉ. एपीजे अब्दुल कलाम प्राविधिक विश्वविद्यालय में बुधवार को कोरोना वायरस से बचाव के लिए ऑनलाइन टीचिंग-लर्निंग को बढ़ावा…
नागरिकता संशोधन बिल

उद्धव ठाकरे विधायकों से बोले- क्यूं टूटा बीजेपी से 25 साल पुराना नाता

Posted by - November 22, 2019 0
मुंबई। महाराष्ट्र में शिवसेना अपनी विरोधी पार्टियों कांग्रेस और एनसीपी से गठबंधन करके सरकार बनाने की कोशिश कर रही है।…