SriAnna

आरोग्यता के साथ बीमार लोगों के भी स्वास्थ्य का जरिया बनेंगे मिलेट्स

271 0

लखनऊ। पोषण संबंधी अपनी खूबियों की वजह से मिलेट्स (मोटे अनाज) (Millets) हर किसी के बेहतर स्वास्थ्य के लिए जरूरी हैं। लोग बाजरा, सावां, कोदो, टांगुन जैसे मोटे अनाजों की इन खूबियों को जानें, स्वाद के अनुसार इनको पसंदीदा डिश के रूप में अपने नाश्ते, लंच, और डिनर में इनको शामिल करें, यह केंद्र सरकार के साथ ही मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ सरकार (Yogi Government) की भी मंशा है। इसके लिए वह हर संभव प्रयास भी कर रही है।

अपनी पोषण संबंधी खूबियों के साथ मोटे अनाज (Millets)  सुपाच्य भी होते हैं। इसलिए यह बीमार लोगों और बीमारी के बाद स्वास्थ्य लाभ ले रहे लोगों के लिए तो और भी उपयोगी हैं। इसी के मद्देनजर लखनऊ स्थित डा. राम मनोहर लोहिया आयुर्विज्ञान संस्थान ने एक अच्छी पहल की है। यहां भर्ती मरीजों एवं उनके परिजनों को सावां का डोसा, मल्टीग्रेन (मिश्रित अनाजों) का नमक पारा, मडुवा का चीला, कुट्टू की बर्फी, बाजरा चकली, ज्वार मठरी, कुट्टू की सेव, रामदाना टिक्की, कोदो की खिचड़ी, कुट्टू की कढी, बाजरे का लड्डू, रागी का पेड़ा आदि के बारे में जानकारी दी जा रही है।

नए उद्योगों की रोशनी से जगमगाएगा गीडा

इस बाबत संस्थान की डायटिशियन और पोषण विशेषज्ञ चिकित्सकों ने मिलकर एक व्यंजन पुस्तिका तैयार की है। इसमें मोटे अनाजों (Millets) की महत्ता और 14 तरह के चटपटे और स्वादिष्ट व्यंजन बनाने की आसान रेसिपी शामिल की गई है। संस्थान की ओर से तैयार पुस्तिका का नाम है- ‘पोषण की खान, स्वास्थ्यवर्धक पौष्टिक धान्य’। इसे संस्थान की डायटिशियन पूनम तिवारी के साथ डायटिशियन अनामिका सिंह, डौली इदरीसी, प्रियंका सिंह और इंटर्न महिमा गुप्ता, शिवानी यादव, शुभी, प्रियंका समेत 30 लोगों की टीम ने मिलकर तैयार किया है। यह पुस्तिका मरीजों को निःशुल्क वितरित की जाएगी। संस्थान का लक्ष्य सालाना 10 हजार प्रतियां वितरित करने का है।

सबके लिए उपयोगी होगी यह पुस्तिका :पूनम तिवारी

मोटे अनाज (Millets) भारत की परंपरा एवं संस्कृति का हिस्सा रहे हैं। भारत 2018 में मिलेट्स वर्ष मना चुका है। भारत की ही पहल पर 2023 को पूरी दुनिया अंतरराष्ट्रीय मिलेट्स ईयर के रूप में मना रही है। सरकार हर संभव प्लेटफॉर्म पर इसकी ब्रांडिंग भी कर रही है। इससे लोगों में इन अनाजों (Millets) को लेकर जागरूकता भी आयी है। आसानी से घर पर मोटे अनाजों से कैसे पसंद के अनुसार स्वादिष्ट बनाये जा सकते हैं, यही इस पुस्तिका का मकसद है। यह आम आदमी, बीमार और बीमारी के बाद स्वास्थ्य लाभ ले रहे लोगों के लिए बेहद उपयोगी है। खासकर पेट, हृदय रोग, मधुमेह या हादसे से उबर रहे लोगों के लिए। इनको लंबे समय तक नियंत्रित एवं पोषण युक्त डाइट की जररूत होती है। कुछ रोगों में तो यह उम्र भर के लिए उपयोगी होगी।

Related Post

Tableau

कर्तव्य पथ पर नजर आएगी बुंदेलखंड की शान, यूपी की झांकी में दिखेगी विरासत और विकास की एकजुट तस्वीर

Posted by - January 22, 2026 0
नई दिल्ली/लखनऊ। गणतंत्र दिवस के अवसर पर दिल्ली के कर्तव्य पथ पर आयोजित राष्ट्रीय परेड में उत्तर प्रदेश की झांकी…
CM Yogi

सीएम योगी ने 500 बेड के अस्पताल का शुभारंभ, कहा- पहले लोग सैफई और इटावा के नाम से डरते थे

Posted by - March 6, 2024 0
इटावा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने उत्तर प्रदेश आयुर्विज्ञान विश्वविद्यालय, सैफई, इटावा में 500 बेडेड सुपर स्पेशियलिटी ब्लॉक का…
ganga

अगले पांच साल में गंगा के किनारे के सभी जिलों में होगा जैविक खेती का विस्तार

Posted by - May 23, 2022 0
लखनऊ। भारतीय परंपरा में पतित पावनी, मोक्षदायिनी मानी जाने वाली गंगा (Ganga) को अविरल, निर्मल और प्रदूषणमुक्त बनाने के लिए…
CM Yogi

फरियादियों से बोले सीएम- अगर अधिकारी नहीं सुन रहे तो बेझिझक मुझे बताएं अपनी समस्या

Posted by - August 29, 2023 0
लखनऊ। हर समस्या का समयबद्ध, पारदर्शी एवं संतुष्टिपरक निस्तारण किया जाएगा। आप सबको चिंता करने की जरूरत नहीं है। अगर…