2017 से पहले किसान मजबूर होकर करते थे आत्महत्या : योगी

565 0

प्रदेश में वर्ष 2017 से पहले अराजकता का माहौल था। किसान मजबूर होकर आत्महत्या करते थे। उनके उत्पाद क्रय की कोई व्यवस्था नहीं थी। जनता भूख से मरती थी। चीनी मिलों द्वारा किसानों को समय से भुगतान नहीं किया जाता था। यह बात मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने मैजापुर चीनी मिल के एथेनॉल प्लांट का शिलान्यास करते हुए उपस्थित जनसमूह को संबोधित करते हुए कहा।

उन्होंने कहा कि मोदी जी के मार्गदर्शन में सरकार ने प्रदेश की तकदीर व तस्वीर बदलने का काम किया है। कहा कि पहले केवल गेहूं के क्रय केंद्र स्थापित होते थे। सरकार ने दलहन तिलहन सहित सभी उपज के क्रय की व्यवस्था की है। पिछले सत्र में अकेले आपके जनपद में 92000 कुंतल की खरीद हुई थी।

40 हजार कुंतल की होगी अब रोज पेराई

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा गन्ना किसानों की सुविधा के लिए मैजापुर चीनी मिल ने अपने पेराई क्षमता का विस्तार किया है। अभी तक एक दिन में 32 हजार कुंतल की पेराई होती थी जिसको बढ़ाकर 40 हजार किया गया है। कहा कि यहां पर 15 मेगा वाट क्षमता की नया विद्युत संयंत्र लग रहा है। विकास की एक नई आभा के साथ पूरा क्षेत्र जगमग होगा। इस क्षेत्र में रोजगार के कई रास्ते खुलेंगे। उन्होंने कहा कि कोरोना के कारण रूस व चीन की स्थिति कितनी खराब है। लेकिन आपकी आस्था के आगे कोरोना परास्त हुआ है। पूरी उमंग के साथ दुर्गा पूजा दशहरा छठ का पर्व हर्षोल्लास पूर्वक मनाया गया।

प्रदेश को बुआ- बबुआ नहीं बाबा चाहिए : राजनाथ

अन्नदाता अब गन्ना उत्पादन के साथ-साथ एथेनाल के रूप में डीजल व पेट्रोल का उत्पादन करने जा रहा है। यहां पर एथेनॉल प्लांट लगने से रोजगार की भी अपार संभावनाएं बनेंगी। इससे पहले पेट्रोल के नाम पर पैसा खर्च होता था जब मर्जी होती थी तब अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल के दाम बढ़ जाते थे। इसका एक छोटा सा हिस्सा भारत विरोधी गतिविधियों में काम करने वाले लोग मुनादी के रूप में ले जाते थे। इसका मतलब हमारा ही पैसा हमारे खिलाफ कैसे दुरुपयोग होता था। डीजल और पेट्रोल पर खर्च होने वाला पैसा हमारे ही जेब से निकाला जाता था। अब हम एथेनॉल उत्पादन के माध्यम से जो पैसा विदेश में जाता था, वह पैसा हमारे अन्नदाता की जेब में जाएगा।

अब तक 15 करोड़ लोगों को लगाई जा चुकी कोरोना वैक्सीन

योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश में अब तक 15.30 करोड़ लोगों को कोरोना की वैक्सीन लगाई जा चुकी है। विदेशों में कोई कल्पना ही नहीं कर सकता है। वहां के लोग पूछते हैं कि क्या यह वैक्सीन भारत में है। हम ने जवाब दिया कि अब तक साढ़े 15 करोड़ लोगों को मुफ्त कोरोना वैक्सीन लगाई जा चुकी है।

Related Post

CM Yogi

सीएम योगी का सख्त निर्देश, गणतंत्र दिवस के मौके पर विद्वेष फैलाने वालों पर होगी सख्त कार्रवाई

Posted by - January 25, 2024 0
लखनऊ। यूपी के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi Adityanath) ने कहा कि 26 जनवरी को गणतंत्र दिवस (Republic Day) के…

पीएम मोदी के नेतृत्व में स्वदेशी रक्षा प्रौद्योगिकी को बूस्ट मिला- रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह

Posted by - October 4, 2021 0
नई दिल्ली। देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने सोमवार को ‘डेयर टू ड्रीम 2.0’ पुरस्कार विजेताओं और रक्षा अनुसंधान…
AK Sharma inaugurated projects worth Rs 36 crore.

प्रदेश सरकार का संकल्प – स्वच्छ, सुंदर और विकसित नगरों की ओर उत्तर प्रदेश: एके शर्मा

Posted by - November 5, 2025 0
लखनऊ: उत्तर प्रदेश के नगर विकास एवं ऊर्जा मंत्री ए.के. शर्मा (AK Sharma) ने अपने मऊ भ्रमण के दौरान आदर्श…
CM Yogi remembered martyr Captain Vikram Batra

सीएम योगी ने शहीद कैप्टन विक्रम बत्रा को किया नमन, कारगिल युद्ध में हुए थे शहीद

Posted by - September 9, 2023 0
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने शनिवार को ‘परमवीर चक्र’ से सम्मानित कैप्टन विक्रम बत्रा (Captain Vikram Batra) को…

पूर्व मंत्री मनोज पाण्डेय जल्द करेगी विजिलेंस

Posted by - February 28, 2021 0
आय से अधिक सम्पत्ति की जांच के लिए उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) शीघ्र ही समाजवादी पार्टी के विधायक एवं पूर्व मंत्री मनोज कुमार पांडेय को बयान दर्ज कराने के लिए शीघ्र ही नोटिस भेजा जाएगा। शासन के आदेश पर विजिलेंस ने उनके विरुद्ध आय से अधिक संपत्ति की शिकायतों की खुली जांच शुरू कर दी है। गोपनीय जांच में शिकायतें प्रथमदृष्ट्या सही पाए जाने के बाद खुली जांच के आदेश दिए गए हैं।   फतेहपुर : स्वर्गीय इंदिरा गांधी के नजदीकी रहे प्रेमदत्त तिवारी का निधन बिजलेंस के एक अधिकारी ने बताया कि पूर्व मंत्री मनोज पाण्डेय से आय से अधिक सम्पत्ति मामले में पूछताछ की जाएगी। इसके लिए उनको नोटिस भेजा जाएगा। मनोज पांडेय पर अपने क्षेत्र के दलित परिवार की जमीन अवैध ढंग से हथियाने का भी आरोप है। शिकायतें मिलने पर सरकार ने विजिलेंस के माध्यम से पहले गोपनीय जांच कराई। जांच में आरोप प्रथमदृष्ट्या सही पाए गए। जांच रिपोर्ट का परीक्षण करने के बाद शासन ने विजिलेंस को मनोज पांडेय के विरुद्ध खुली जांच करने का आदेश दे दिया। विजिलेंस अब शिकायतों से संबंधित साक्ष्य जुटाने के साथ ही मनोज पांडेय से पूछताछ भी करेगी। खुली जांच में दोषी पाए जाने पर उनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा सकती है। रायबरेली जिले की ऊंचाहार सीट से विधायक मनोज पांडेय सपा सरकार में कैबिनेट मंत्री थे। जांच के शिकंजे में फंसने वाले वह तीसरे पूर्व मंत्री हैं। सपा सरकार में मंत्री रहे मो. आजम खां के विरुद्ध एसआईटी व गायत्री प्रसाद प्रजापति के विरुद्ध विजिलेंस जांच की जांच चल रही है। एसआईटी जल निगम भर्ती घोटाले में मो. आजम खां को दोषी ठहरा चुकी है। गायत्री प्रजापति के विरुद्ध तो आय से अधिक संपत्ति की जांच चल रही है