Akshay Tritiya

Akshay Tritiya पर इस दान से मिलेगा सभी तीर्थों का फल

306 0

लखनऊ: इस साल अक्षय तृतीया (Akshay Tritiya) 3 मई 2022, मंगलवार को मनाई जाएगी। बैशाख शुक्लपक्ष की तृतीया को अक्ति या आखा तीज मनाई जाती है और इसे अक्षय तृतीया (Akshay Tritiya) कहते हैं। मान्यता अनुसार इस दिन सोना, चांदी या जो भी धातु खरीदी जाती है, वो कभी नष्ट नहीं होती। इस दिन भगवान विष्णु (Lord Vishnu) व माता लक्ष्मी (Mother Lakshmi) की विधिवत पूजा की जाती है। इस दिन भगवान परशुराम (Lord parshuram) का जन्म होने की मान्यता है। अक्षय तृतीया (Akshay Tritiya) के दिन पूजन का शुभ मुहूर्त सुबह 05 बजकर 39 मिनट से दोपहर 12 बजकर 18 मिनट तक है। ज्योतिषाचार्यों के अनुसार, इस साल अक्षय तृतीया पर तीन खास योग बन रहे हैं।

Akshay Tritiya पर जलदान से मिलता है सभी तीर्थों का लाभ

हिंदू धर्म की मान्यताओं के अनुसार, अक्षय तृतीया (Akshay Tritiya) के दिन कुछ चीजों का दान करना बेहद उत्तम माना गया है। शास्त्रों के अनुसार, अक्षय तृतीया के दिन और साथ ही पूरे वैशाख मास में जलदान करना शुभ माना गया है। कहते हैं कि ऐसा करने से सभी तीर्थों को करने से जो फल प्राप्त होता है, वह केवल जलदान करने से मिलता है। इस दिन किसी मंदिर या सार्वजनिक स्थान पर जलदान भी किया जा सकता है।

यह भी पढ़ें: Akshaya Tritiya पर विष्णु जी, पितरों का करें ध्यान, मिलेगा अनेक लाभ

Akshay Tritiya पर रखें इनका ध्यान

अक्षय तृतीया के दिन वृक्षारोपण करना, राहगीरों के लिए पानी की व्यवस्था करना, पशु-पक्षियों के लिए दाना-पानी की व्यवस्था आदि करने से शुभ फल मिलने की मान्यता है। मान्यता है कि ऐसा करने से जीवन में सुख-समृद्धि आती है। इसके साथ ही ब्रह्मा, विष्णु, महेश तीनों देवताओं का आशीर्वाद प्राप्त होता है।

यह भी पढ़ें: 50 साल बाद अक्षय तृतीया पर बन रहा है अद्भुत संयोग, इस मुहूर्त में करें ये काम

Related Post

CM KEJARIWAL

घर-घर राशन योजना पर रोक- केजरीवाल, बोले- हम बिना नाम के ही करेंगे काम

Posted by - March 20, 2021 0
नई दिल्ली। राजधानी दिल्ली में मुख्यमंत्री घर-घर राशन योजना के तहत राशन की डोर स्टेप डिलीवरी को लेकर अरविंद केजरीवाल…
Haridwar Kumbh

मुख्य शाही स्नान में उमड़ा आस्था का सैलाब, लाखों श्रद्धालुओं ने लगाई डुबकी

Posted by - April 15, 2021 0
हरिद्वार।  हरिद्वार महाकुंभ में बुधवार को बैसाखी और मेष संक्रांति के पर्व पर तीसरे और मुख्य शाही स्नान में 1314…