इलेक्टोरल बॉन्ड्स

मोदी सरकार की इलेक्टोरल बॉन्ड्स योजना है, कालेधन को सफेद करने का तरीका : सुप्रीम कोर्ट

949 0

नई दिल्ली। इलेक्टोरल बॉन्ड्स पर सुप्रीम कोर्ट में मोदी सरकार की भारी किरकिरी हुई है।  कोर्ट ने गुरुवार को कहा कि इलेक्टोरल बॉन्ड्स के जरिए काले धन पर काबू नहीं पाया जा सकता। सुप्रीम  कोर्ट ने कहा कि मोदी सरकार की काले धन पर लगाम लगाने की कोशिश के रूप में इलेक्टोरल बॉन्ड्स की कवायद पूरी तरह से बेकार है।

सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को इस मामले में अपना फैसला सुनाएगा

कोर्ट ने इलेक्टोरल बॉन्ड्स योजना पर सवाल उठाते हुए इसे काले धन को सफेद करने का तरीका करार दिया है। कोर्ट ने कहा कि जिस तरह से इलेक्टोरल बॉन्ड्स की बिक्री को लेकर बैंकों को कोई जानकारी नहीं दी जा रही है, इससे लगता है कि ब्लैक मनी को सफेद करने में इसका इस्तेमाल हो रहा है। सुप्रीम कोर्ट ने शुक्रवार को इस मामले में अपना फैसला सुनाएगा।

मुख्य न्यायाधीश गोगोई ने अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल से पूछा कि क्या इलेक्टोरल बॉन्ड्स खरीदने वाले की जानकारी बैंक के पास है ?

इस मामले की सुनवाई मुख्य न्यायाधीश रंजन गोगोई की पीठ कर रही है। मुख्य न्यायाधीश गोगोई ने अटॉर्नी जनरल केके वेणुगोपाल से पूछा कि क्या इलेक्टोरल बॉन्ड्स खरीदने वाले की जानकारी बैंक के पास है ? इस पर अटॉर्नी जनरल ने कहा, हां, केवाईसी के कारण ऐसा है। हालांकि, खरीदार की पहचान गोपनीय रखी जाती है और महीने के अंत में इसकी जानकारी केंद्रीय कोष को दी जाती है।

ये भी पढ़ें :-लोकसभा चुनाव 2019 : राहुल गांधी की सुरक्षा में चूक, कांग्रेस ने गृहमंत्री को लिखा पत्र

सीजीआई ने कहा कि यदि ऐसा है तो काले धन के खिलाफ लड़ाई की ये कोशिश पूरी तरह से बेकार

इस पर सीजेआई ने पूछा कि हम यह जानना चाहते हैं, जब बैंक एक इलेक्टोरल बॉन्ड्स ‘एक्स’ या ‘वाई’ को जारी करता है। तो बैंक के पास इस बात का विवरण होता है कि कौन सा बॉन्ड ‘एक्स’ को और कौन सा बॉन्ड ‘वाई’ को जारी किया जा रहा है। इसका ऑटर्नी जनरल के पास कोई जवाब नहीं था। इस पर सीजीआई ने कहा कि यदि ऐसा है तो काले धन के खिलाफ लड़ाई की ये कोशिश पूरी तरह से बेकार है। इस पर संजीव खन्ना का कहना था कि जिस केवाईसी की आप बात कर रहे हैं। वह सिर्फ खरीददार की पहचान है। यह पैसे की वास्तविकता का सर्टिफिकेट नहीं है कि यह धन काला है या सफेद।

ये भी पढ़ें :-पीएम मोदी बोले- फिर सत्ता में आए तो ‘टुकड़े-टुकड़े गैंग’ के हो जाएंगे टुकड़े

वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने कहा कि राजनीतिक दलों को गुमनाम रूप से पैसे देने का यह एक नया चैनल 

वहीं सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ वकील प्रशांत भूषण ने कहा कि इलेक्टोरल बॉन्ड स्कीम में काले धन पर अंकुश लगाने के लिए कुछ भी नहीं है। राजनीतिक दलों को गुमनाम रूप से पैसे देने का यह एक नया चैनल है। प्रशांत भूषण ने कहा कि अब कैश में भी राजनीतिक दलों को चंदा दिया जा सकता है। इलेक्टोरल बॉन्ड्स से सबसे ज्यादा पैसा सत्ताधारी पार्टी बीजेपी को मिला है। प्रशांत भूषण ने इस पर भी सवाल उठाए, उन्होंने कहा कि 220 करोड़ के इलेक्टोरल बॉन्ड में 210 करोड़ रुपये सत्ताधारी पार्टी को मिले हैं।

Related Post

property tax

हरदीप पुरी ने नगरीय निकायों के प्रापर्टी टैक्स में सुधार विषय पर की चर्चा

Posted by - August 25, 2020 0
लखनऊ। केंद्र सरकार ने 15वें वित्त आयोग को नगरीय निकायों से भविष्य में प्राप्त होने वाली धनराशि के परिप्रेक्ष्य में…
cm yogi

किसानों व श्रमिकों के कल्याण के लिए समर्पित था चौधरी चरण सिंह का जीवनः सीएम योगी

Posted by - May 29, 2023 0
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने कहा कि देश के महान नेता, पूर्व प्रधानमंत्री व उत्तर प्रदेश के पूर्व…
CM Yogi expressed grief

महाराष्ट्र उप मुख्यमंत्री अजित पवार का निधन, सीएम योगी ने जताया गहरा शोक

Posted by - January 28, 2026 0
लखनऊ : महाराष्ट्र के बारामती में आज सुबह एक विमान दुर्घटना में राज्य के उप मुख्यमंत्री अजित पवार (Ajit Pawar) सहित…
CM Mamta

बंगाल चुनाव : ममता बनर्जी का नंदीग्राम में रोड शो,”जय श्रीराम” के लगे नारे

Posted by - March 30, 2021 0
कोलकाता । पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी (Mamata Banerjee) आज नंदीग्राम के बागबेड़ा में विशाल रोड शो कर रही…