Dussehra 2019: जानें क्यों मशहूर है मैसूर और कुल्लू का दशहरा

1366 0

लखनऊ डेस्क। दिल्ली और उत्तर प्रदेश में दशहरा के दिन लोग रावण, कुंभकर्ण और मेघनाद का पुतला जलाते हैं , वहीं कुल्लू और मैसूर शहर के दशहरा का महत्व और तरीका दोनों ही अलग है। इसलिए यहां का दशहरा दुनियाभर के लोगों के लिए आकर्षण का केंद्र है। आइये जानें इन जगहों का दशहरा क्यों है मशहूर –

ये भी पढ़ें :-जानें विजयादशमी का शुभ मुहूर्त और इस दिन क्यों खाते हैं जलेबी 

आपको बता दें मैसूर में दशहरा का आयोजन सबसे पहले 15वीं शताब्दी में हुआ था। दशहरा के दिन यहां देवी चामुंडेश्वरी की पूजा की जाती है। मैसूर के दशहरे की खासियत यहां का जुलूस है जो अंबा महल से शुरू होता है और मैसूर से होते हुए करीब पांच किलोमीटर और दूर जाता है। इस जुलूस में पंद्रह हाथी लाए जाते हैं जिनके ऊपर देवी चामुंडेश्वरी की मूर्ति को रखा जाता है। इस मूर्ति को बेहद ही खूबसूरत तरीके से सजाया जाता है।

ये भी पढ़ें :-बुराई पर अच्छाई की जीत का उत्सव दशहरा, जानें इसका इतिहास 

वहीँ कुल्लू शहर शांति और अपनी सुंदरता के लिए जाना जाता है। वहीं दशहरा के दिन इस शहर का भव्य आयोजन सभी लोगों के आकर्षण का केन्द्र बन जाता है। कुल्लू में दशहरा  का त्योहार भी बड़े धूमधाम से मनाया जाता है। जब पूरे देश में दशहरा खत्म होता है , उसी दिन कुल्लू में दशहरे का उत्सव शुरू होता है। कुल्लू में दशहरे का पर्व सात दिनों तक मनाया जाता है। कुल्लू में काम, क्रोध, मोह, लोभ और अहंकार के नाश के तौर पर पांच जानवरों की बलि देकर इसे मनाते हैं।

Related Post

राष्ट्रीय विज्ञान दिवस

पीएम बोले-भारतीय अर्थव्यवस्था का आधार मज़बूत, जल्द आर्थिक ग्रोथ में आएगी तेजी

Posted by - January 9, 2020 0
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 1 फरवरी को पेश होने वाले आम बजट 2020 से पहले गुरुवार को अर्थशास्त्रियों,…

हिन्दू धर्म का लोकप्रिय त्योहार गणेश चतुर्थी के पीछे का जानें दिलचस्प संस्करण

Posted by - August 29, 2019 0
लखनऊ डेस्क। गणेश चतुर्थी, जिसे विनायक चतुर्थी भी कहा जाता है जिसके दौरान लाखों लोग भगवान शिव और देवी पार्वती…

कानपुर बूथ सम्मेलन में सपा बसपा और कांग्रेस पर जमकर बरसे शाह

Posted by - January 30, 2019 0
कानपुर। बीजेपी अध्यक्ष अमित शाह ने बुधवार यानी आज बूथ सम्मेलन में कार्यकर्ताओं को संबोधित करने कानपुर पहुंचे। वहां पर…