Harsh Vardhan

Covid टीकाकरण की गति धीमी नहीं, अब तक 4.85 करोड़ को लगा टीका : हर्षवर्धन

999 0
नई दिल्ली । केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री डाॅ. हर्षवर्धन (Harsh Vardhan) ने उच्च सदन में विपक्ष के उस आरोप का खंडन किया है, जिसमें देश में कोविड टीकाकरण धीमा होने की बात कही गई है। स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि टीकाकरण पूरी गति से जारी है और अभी तक चार करोड़ 85 लाख लोगों को कोविड टीका लगाया जा चुका है।

सरकार (Harsh Vardhan)  ने मंगलवार को इस बात से इनकार किया कि देश में कोविड टीकाकरण की गति धीमी है। इसके साथ ही सरकार ने जोर दिया कि देश में कोविड टीके की कोई कमी नहीं है। स्वास्थ्य मंत्री हर्षवर्धन ने उच्च सदन में प्रश्नकाल के दौरान विभिन्न पूरक प्रश्नों के उत्तर में यह जानकारी दी।

उन्होंने (Harsh Vardhan)  देश में कोविड टीकाकरण की गति धीमी होने के विपक्ष के दावे को खारिज करते हुए कहा कि अब तक करीब 4.85 करोड़ लोग कोविड टीके की खुराकें ले चुके हैं। हर्षवर्धन ने कहा कि एक दिन पहले ही 24 घंटों के दौरान करीब 32 लाख लोगों ने टीके लगवाए। उन्होंने कहा कि किसी एक दिन पूरी दुनिया में जितने कोविड टीके लगाए जा रहे हैं. उनमें 30 से 40 प्रतिशत टीके भारत में लगाए जा रहे हैं।

250 रुपये में कोविड टीका

हर्षवर्धन (Harsh Vardhan)  ने कहा कि केंद्र सरकार विभिन्न राज्यों को कोविड टीके मुहैया करा रही है और इसकी कोई कमी नहीं है। उन्होंने कहा कि निजी अस्पतालों में कोविड टीके के लिए अधिकतम 250 रुपये का शुल्क तय किया गया है। उन्होंने कहा कि इसमें 150 रुपये टीका लागत के रूप में भारत सरकार के खाते में जमा कराई जाएगी और 100 रुपये की राशि निजी अस्पतालों द्वारा टीकाकरण या सेवा प्रभार के रूप में अपने पास रखी जाएगी।

राज्यों से लगातार संपर्क जारी

उन्होंने (Harsh Vardhan) कहा कि सरकारी अस्पतालों में कोविड टीके निशुल्क लगाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस के संक्रमण और इसके टीकाकरण को लेकर केंद्र लगातार राज्यों के संपर्क में है। राष्ट्रीय विशेषज्ञ समूह से भी सुझाव लिए जाते रहे हैं, ताकि व्यवस्था को सही किया जाए। हर्षवर्धन (Harsh Vardhan)  ने एक अन्य सवाल के जवाब में कहा कि स्पोर्ट्स इंजरी सेंटर, सफदरजंग अस्पताल में उपकरणों की खरीद में हुई विभिन्न अनियमितताओं की जांच के लिए गठित विशेष लेखा परीक्षा समिति ने अपनी रिपोर्ट 30 नवंबर 2018 को दे दी थी।

अस्पतालों की सुरक्षा पर ध्यान

उन्होंने (Harsh Vardhan) कहा कि समिति की सिफारिशों पर विभिन्न स्तरों अर्थात सफदरजंग अस्पताल, स्वास्थ्य सेवा महानिदेशालय और मंत्रालय द्वारा विचार किया गया। उन्होंने कहा कि जवाबदेही तय करने के संबंध में सतर्कता नियमावली के अनुसार कार्रवाई की जा रही है। देश के विभिन्न अस्पतालों में आग से सुरक्षा से जुड़े एक सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि इस मुद्दे पर गहन विचार करने के बाद विभिन्न पक्षों के परामर्श से अस्पतालों में अग्नि सुरक्षा के लिए व्यापक दिशानिर्देश तैयार किए गए हैं।

राज्यों को हरसंभव मदद जारी

डाॅ. हर्षवर्धन (Harsh Vardhan) ने कहा कि इस दिशानिर्देश का सख्ती से पालन करने के लिए उसे सभी अस्पतालों के साथ साझा किया गया है. उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य राज्य का विषय है और अधिकतर कार्यक्रमों के कार्यान्वयन की जिम्मेदारी संबंधित राज्य पर होती है।

हर्षवर्धन (Harsh Vardhan) ने कहा कि प्राथमिक व सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों सहित विभिन्न केंद्रों में आधारभूत ढांचा में सुधार के लिए केंद्र सरकार राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के तहत राज्यों को सहायता मुहैया कराती है।

Related Post

CM Bhajan lal Sharma

मंदिरों से भारत की आध्याेत्मिक कीर्ति दुनियाभर में फैली- मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा

Posted by - March 3, 2025 0
डूंगरपुर। मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा (CM Bhajan Lal) ने कहा कि मंदिर सनातन संस्कृति की आत्मा हैं। प्राचीन समय से ही…
PM Modi

हमहूं आप लोगन के तरह बनारस क भाजपा कार्यकर्ता हईं: नरेन्द्र मोदी

Posted by - March 31, 2024 0
वाराणसी। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी (PM Modi) ने रविवार शाम अपने संसदीय क्षेत्र वाराणसी के 660 मतदान केन्द्रों पर आयोजित टिफिन…

पूर्व मंत्री मनोज पाण्डेय जल्द करेगी विजिलेंस

Posted by - February 28, 2021 0
आय से अधिक सम्पत्ति की जांच के लिए उत्तर प्रदेश सतर्कता अधिष्ठान (विजिलेंस) शीघ्र ही समाजवादी पार्टी के विधायक एवं पूर्व मंत्री मनोज कुमार पांडेय को बयान दर्ज कराने के लिए शीघ्र ही नोटिस भेजा जाएगा। शासन के आदेश पर विजिलेंस ने उनके विरुद्ध आय से अधिक संपत्ति की शिकायतों की खुली जांच शुरू कर दी है। गोपनीय जांच में शिकायतें प्रथमदृष्ट्या सही पाए जाने के बाद खुली जांच के आदेश दिए गए हैं।   फतेहपुर : स्वर्गीय इंदिरा गांधी के नजदीकी रहे प्रेमदत्त तिवारी का निधन बिजलेंस के एक अधिकारी ने बताया कि पूर्व मंत्री मनोज पाण्डेय से आय से अधिक सम्पत्ति मामले में पूछताछ की जाएगी। इसके लिए उनको नोटिस भेजा जाएगा। मनोज पांडेय पर अपने क्षेत्र के दलित परिवार की जमीन अवैध ढंग से हथियाने का भी आरोप है। शिकायतें मिलने पर सरकार ने विजिलेंस के माध्यम से पहले गोपनीय जांच कराई। जांच में आरोप प्रथमदृष्ट्या सही पाए गए। जांच रिपोर्ट का परीक्षण करने के बाद शासन ने विजिलेंस को मनोज पांडेय के विरुद्ध खुली जांच करने का आदेश दे दिया। विजिलेंस अब शिकायतों से संबंधित साक्ष्य जुटाने के साथ ही मनोज पांडेय से पूछताछ भी करेगी। खुली जांच में दोषी पाए जाने पर उनके विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा सकती है। रायबरेली जिले की ऊंचाहार सीट से विधायक मनोज पांडेय सपा सरकार में कैबिनेट मंत्री थे। जांच के शिकंजे में फंसने वाले वह तीसरे पूर्व मंत्री हैं। सपा सरकार में मंत्री रहे मो. आजम खां के विरुद्ध एसआईटी व गायत्री प्रसाद प्रजापति के विरुद्ध विजिलेंस जांच की जांच चल रही है। एसआईटी जल निगम भर्ती घोटाले में मो. आजम खां को दोषी ठहरा चुकी है। गायत्री प्रजापति के विरुद्ध तो आय से अधिक संपत्ति की जांच चल रही है