हाइडॉक्सीक्लोरोक्वीन

देश में हाइडॉक्सीक्लोरोक्वीन का पर्याप्त स्टॉक व भविष्य में कोई कमी नहीं

1052 0

नई दिल्ली। केन्द्र सरकार ने कहा है कि देश में हाइड्रॉक्सीक्लोरोक्वीन की कोई कमी नहीं है। इसका पर्याप्त स्टॉक है व भविष्य में भी इस दवा की कोई कमी नहीं रहेगी।

चिकित्सकों अथवा मरीजों की देखभाल कर रहे रिश्तेदारों को ही ‘प्रोफाइलेक्सिस’ के आधार पर दिया जाता है

स्वास्थ्य मंत्रालय के प्रवक्ता लव अग्रवाल ने बुधवार को संवाददाता सम्मेलन में बताया कि भारत इस दवा का सबसे बड़ा निर्माता है और देश में दवा के स्टॉक पर उच्च स्तरीय निगरानी रखी जा रही है तथा भविष्य में भी इसकी कोई कमीं नहीं आने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि चूंकि यह दवा केवल पंजीकृत चिकित्सकों की सलाह पर दी जाती है और इसे कोरोना वायरस से पीड़ित मरीजों, उनका इलाज कर रहे चिकित्सकों अथवा मरीजों की देखभाल कर रहे रिश्तेदारों को ही ‘प्रोफाइलेक्सिस’ के आधार पर दिया जाता है। इस दवा को हर किसी को नहीं लेना चाहिए क्योंकि इसके काफी दुष्प्रभाव होते हैं।

इसके 773 नये मामले सामने आने के बाद संक्रमितों की संख्या बढ़कर 5194 तक पहुंच गयी

उन्होंने कोरोना वायरस संक्रमण की स्थिति के बारे में बताया कि देश में मंगलवार से बुधवार तक इसके 773 नये मामले सामने आने के बाद संक्रमितों की संख्या बढ़कर 5194 तक पहुंच गयी है। कोरोना वायरस संक्रमण के कारण अब तक 149 लोगों की मौत हुयी है तथा 402 लोग को ठीक होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दे दी गई है।

प्राइवेट लैब मुफ्त करें कोरोना टेस्ट, सरकार जारी करे निर्देश : सुप्रीम कोर्ट

यह भी पता लगाया जा रहा है कि उनका कोई यात्रा इतिहास तो नहीं है

उन्होंने बताया कि जिस तरह कोरोना विषाणु संक्रमण के मामले सामने आ रहे हैं, उसी स्तर पर राज्यों में इससे निपटने की तैयारियां की जा रही हैं और मुख्य ध्यान इस संक्रमण की चेन तथा इसके प्रसार को रोकना है, जिसमें राज्य सरकारों की भी अहम भूमिका है। इसी आधार पर सभी राज्यों में जिला स्तर पर प्रशासन अपनी तरफ से हर संभव प्रयास कर रहे हैं। इसी के तहत महाराष्ट्र के पुणे और कुंडवा क्षेत्र में 30 किलोमीटर के क्षेत्र स्वास्थ्य कर्मी घर-घर में कोरोना के संदिग्ध मरीजों कें साथ साथ मधुमेह और उच्च रक्त चाप के मरीजों की पहचान और जांच कर रहे हैं।  यह भी पता लगाया जा रहा है कि उनका कोई यात्रा इतिहास तो नहीं है।  वे किसी ऐसे व्यक्ति के संपर्क में तो नहीं आए हैं जो कहीं बाहर गए हों। यही प्रकिया केरल के पट्टानामथिट्टा जिले में भी अपनाई जा रही है। इसमें सर्विलांस तथा कांटेक्ट ट्रेसिंग का काम किया जा रहा है।

कोरोना पाजिटिव गर्भवती महिलाओं की जांच और उनके सुरक्षित प्रसव को लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय ने फिजिशियन के लिए नयी गाइडलाइंस जारी की

श्री अग्रवाल ने बताया कि कोरोना वायरस के संदिग्ध अथवा कोरोना पाजिटिव गर्भवती महिलाओं की जांच और उनके सुरक्षित प्रसव को लेकर स्वास्थ्य मंत्रालय ने फिजिशियन के लिए नयी गाइडलाइंस जारी की है। ताकि प्रसव से पहले तथा बाद में उनकी तथा नवजात शिशु की देखभाल हो सके। इस दिशा में एम्स की तरफ से एक ट्रेनिंग मॉड्यूल शुरू किया जा रहा है । उन्होंने बताया कि कोरोना वायरस से निपटने के लिए वायुसेना भी राज्यों सरकारों को अपनी तरफ से हरसंभव सहायता देने का प्रयास कर रही है और वह मेडिकल सामग्री की आपूर्ति के अलावा कर्मचारियों को एक स्थान से दूसरे स्थान पर ले जा रही है।

Related Post

लोकसभा चुनाव से पहले महिलाओं को इतने फीसदी आरक्षण का जल्द प्रस्ताव

Posted by - January 19, 2019 0
राजस्थान। लोकसभा चुनाव से पहले मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने राजनीतिक तौर पर महिला आरक्षण के मुद्दे पर आगे बढऩे का…
जियो प्लेटफॉर्म्स

जियो प्लेटफॉर्म्स को 12 वां इंवेस्टमेंट मिला, इंटेल कैपिटल ने किया 1894 करोड़ का निवेश

Posted by - July 3, 2020 0
नई दिल्ली। रिलायंस इंडस्ट्रीज के ऋणमुक्त होने के बाद भी मुकेश अंबानी की जियो प्लेटफॉर्म्स में निवेश का सिलसिला जारी…

ओलंपिक में शिरकत करने वाले खिलाड़ियों से मिले राष्ट्रपति, बोले देश का बढ़ाया मान

Posted by - August 14, 2021 0
राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद ने शनिवार को टोक्यो ओलंपिक में शिरकत करने वाले सभी खिलाड़ियों से राष्ट्रपति भवन कल्चरल सेंटर में…