नक्सलियों के साथ मुठभेड़ के बाद से अपह्म्तकोबरा कमांडो रिहा

नक्सलियों के साथ मुठभेड़ के बाद से अपहृत कोबरा कमांडो रिहा

826 0

छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित सुकमा और बीजापुर जिले के सीमावर्ती क्षेत्र में नक्सलियों के साथ मुठभेड़ के बाद से अपहृत केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के जवान राकेश्वर सिंह मनहास को नक्सलियों ने रिहा कर दिया है। पुलिस अधिकारी ने इसकी जानकारी दी। बस्तर क्षेत्र के पुलिस महानिरीक्षक सुंदरराज पी ने बृहस्पतिवार को यहां बताया कि केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल के कोबरा बटालियन के जवान राकेश्वर सिंह मनहास को नक्सलियों ने रिहा कर दिया है।

सुंदरराज ने बताया कि तीन अप्रैल को सुकमा और बीजापुर के सीमावर्ती क्षेत्र के अंतर्गत जोनागुड़ा और टेकलगुड गांव के जंगल में सुरक्षा बलों की नक्सलियों के साथ मुठभेड़ हुई थी। उन्होंने बताया कि मुठभेड़ के बाद से सीआरपीएफ के 210 कोबरा बटालियन के आरक्षक राकेश्वर सिंह मनहास के बारे में जानकारी नहीं मिली थी।

उन्होंने बताया कि आरक्षक राकेश्वर सिंह मनहास की जानकारी के लिए लगातार खोजी अभियान चलाया जा रहा था तथा क्षेत्र के ग्रामीण, सामाजिक संगठन, स्थानीय जनप्रतिनिधि और पत्रकारों के माध्यम से मनहास के संबंध में जानकारी ली जा रही थी। अधिकारी ने बताया कि इस दौरान माओवादियों के दंडकारण्य स्पेशल जोनल कमेटी के प्रवक्ता ने छह अप्रैल को एक प्रेस विज्ञप्ति जारी कर बताया कि एक जवान को बंदी बनाया गया है। सुंदरराज ने बताया कि इसके बाद जवान की रिहाई के लिए स्थानीय नागरिक, आदिवासी समाज के वरिष्ठ पदाधिकारी और पत्रकारों के माध्यम से प्रयास किया गया।

बदमाश की एक करोड़ की कृषि भूमि कुर्क

उन्होंने बताया कि आज शाम अपह्म्त जवान राकेश्वर सिंह मनहास सुरक्षित बीजापुर जिले के र्तेम थाना पहुंचा। सीआरपीएफ के फिल्ड अस्पताल में मनहास का स्वास्थ्य परीक्षण किया गया है। चिकित्सकों ने उसे कमजोरी और डिहाइड्रेशन के कारण सामान्य उपचार दिया है। पुलिस महानिरीक्षक ने बताया कि अपह्म्त आरक्षक मनहास की रिहाई के लिए माता रुक्मणि आश्रम जगदलपुर के पद्मश्री धर्मपाल सैनी और बीजापुर जिले के आदिवासी समाज के वरिष्ठ पदाधिकारी तेलम बोरैया ने प्रयास किया। उन्होंने बताया कि इस दौरान बीजापुर जिले के पत्रकार गणेश मिश्र और मुकेश चंद्राकर का भी योगदान रहा।

 

राज्य के सुकमा और बीजापुर जिले के सीमावर्ती क्षेत्र में नक्सल विरोधी अभियान में शुक्रवार को सुरक्षा बलों को रवाना किया गया था। उन्होंने बताया कि इस अभियान में जवान राकेश्वर सिंह भी शामिल थे। शनिवार को टेकलगुड़ियम और जोनागुड़ा गांव के करीब सुरक्षा बलों और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ में सुरक्षा बलों के 22 जवानों की मृत्यु हो गई थी तथा 31 अन्य जवान घायल हुए थे वहीं आरक्षक राकेश्वर सिंह लापता हो गया था। मुठभेड़ में मारे गये जवानों में सीआरपीएफ के कोबरा बटालियन के सात जवान, सीआरपीएफ के बस्तरिया बटालियन का एक जवान, डीआरजी के आठ जवान और एसटीएफ के छह जवान शामिल हैं।

Related Post

DM Savin Bansal

दुर्गम पगंडंडी नापते डीएम, जनता में जगा रहे सरकार, प्रशासन के प्रति विश्वास

Posted by - May 15, 2025 0
देहरादून : मुख्यमंत्री की प्ररेणा से जिलाधिाकारी सविन बंसल (DM Savin Bansal ) दुरस्थ क्षेत्रों में बहुउद्देशीय शिविर में माध्यम…
CM Dhami

अब समूह ‘ग’ के पदों पर नहीं होगा साक्षात्कार, कैबिनेट में हुआ निर्णय

Posted by - March 2, 2023 0
देहरादून। धामी सरकार (Dhami Government) साफ सुथरी और पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया लागू करने के लिए प्रतिबद्ध है। इसी के तहत…
Ajit Doval met CM Dhami

सीएम धामी से राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार डोभाल ने की भेंट

Posted by - April 27, 2023 0
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी (CM Dhami) से गुरुवार को मुख्यमंत्री आवास में राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (एनएसए) अजीत डोभाल (Ajit…
ARMY CHIEF

आर्मी चीफ नरवणे ने किया बंगबंधु म्यूजियम का दौरा, बांग्लादेश के संस्थापक को दी श्रद्धांजलि

Posted by - April 9, 2021 0
बांग्लादेश। थल सेना प्रमुख जनरल एम एम नरवणे (Army chief Gen MM Naravane) ने शुक्रवार को बंगबंधु स्मृति संग्रहालय (Bangabandhu…