Site icon

अफजाल अंसारी को हाईकोर्ट से राहत, शस्त्र लाइसेंस मामले में गिरफ्तारी पर रोक

Afzal-Ansari

गाजीपुर: समाजवादी पार्टी के गाजीपुर सांसद अफजाल अंसारी (Afzal Ansari) को शस्त्र लाइसेंस से जुड़े मामले में इलाहाबाद हाईकोर्ट से बड़ी राहत मिली है। कोर्ट ने उनके खिलाफ दर्ज एफआईआर पर सुनवाई करते हुए फिलहाल गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगा दी है। हालांकि अदालत ने जांच या अन्य कानूनी कार्रवाई पर रोक नहीं लगाई है। मामले की अगली सुनवाई 10 अगस्त को होगी।

यह मामला गाजीपुर में दर्ज उस एफआईआर से जुड़ा है, जिसमें अफजाल अंसारी समेत कई लोगों पर शस्त्र लाइसेंस के दुरुपयोग, लाइसेंस से संबंधित मूल पत्रावली गायब कराने और कथित तौर पर फर्जी पते के आधार पर लाइसेंस हासिल करने के आरोप लगाए गए हैं। यह मुकदमा कोतवाली थाना, गाजीपुर में दर्ज किया गया था।

एफआईआर रद्द करने की मांग लेकर पहुंचे हाईकोर्ट

एफआईआर दर्ज होने के बाद अफजाल अंसारी ने इलाहाबाद हाईकोर्ट में याचिका दाखिल कर इसे निरस्त करने की मांग की। सुनवाई के दौरान उनके अधिवक्ता उपेंद्र उपाध्याय ने पक्ष रखा, जिसके बाद जस्टिस सिद्धार्थ वर्मा और जस्टिस अचल सचदेव की खंडपीठ ने गिरफ्तारी पर अंतरिम रोक लगाने का आदेश दिया।

सुनवाई के दौरान राज्य सरकार की ओर से जवाब दाखिल करने के लिए समय मांगा गया, जिसे अदालत ने स्वीकार करते हुए अगली सुनवाई 10 अगस्त तय की।

जांच में कई लोगों पर दर्ज हुए मुकदमे

पुलिस की जांच में बाहुबली मुख्तार अंसारी के गैंग और उससे जुड़े लोगों के शस्त्र लाइसेंसों में कथित अनियमितताओं की बात सामने आने के बाद अफजाल अंसारी, मुख्तार अंसारी की पत्नी अफशा बेगम, गैंग से जुड़े अन्य लोगों तथा तत्कालीन शस्त्र लिपिकों और अधिकारियों के खिलाफ पांच अलग-अलग मुकदमे दर्ज किए गए थे।

पुलिस का दावा है कि जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय, गाजीपुर से कई शस्त्र लाइसेंसों की मूल फाइलें और हथियारों की खरीद-बिक्री से जुड़े रिकॉर्ड गायब मिले हैं। जांच एजेंसियों का आरोप है कि इन दस्तावेजों को कथित मिलीभगत से हटाया गया, ताकि हथियारों के इस्तेमाल और लाइसेंस से जुड़े तथ्यों को छिपाया जा सके।

Exit mobile version