मेरठ । मेरठ के सरधना क्षेत्र में निर्माणाधीन मेजर ध्यानचंद स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी पश्चिमी उत्तर प्रदेश समेत राज्य में नए मानक स्थापित करने का माध्यम बनेगी। गुरुवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने मीडिया से वार्ता के दौरान प्रदेश में खेल अवसंरचना, खेल संस्कृति और मेरठ में बन रही प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी की प्रगति, इसके उद्देश्य और भविष्य की कार्ययोजना को विस्तार से साझा किया। मुख्यमंत्री योगी ने कहा कि हॉकी के जादूगर मेजर ध्यानचंद के नाम पर प्रदेश की पहली स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का निर्माण मेरठ में होना प्रदेश के लिए गौरव का विषय है। इसके लिए मेरठ का चयन भी स्वाभाविक है। उन्होंने बताया कि यूनिवर्सिटी का लोगो, फ्लैग व यूनिफॉर्म लांच कर दी गई है। यह स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी आने वाले समय में युवाओं को एक नए प्लेटफार्म के रूप में मार्गदर्शन देकर खेल गतिविधियों में नए मानक तय करेगी।
100 एकड़ में आकार ले रहा आधुनिक खेल परिसर
मुख्यमंत्री योगी (CM Yogi) ने जानकारी दी कि सरधना क्षेत्र में गंग नहर के किनारे 90 एकड़ क्षेत्रफल में यूनिवर्सिटी का निर्माण कार्य चल रहा है, जिसमें 10 एकड़ अतिरिक्त भूमि लेकर कुल क्षेत्रफल 100 एकड़ किया जा रहा है। इस परियोजना का शुभारंभ प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कर कमलों से हुआ था। सरकार द्वारा पहले चरण में 250 करोड़ रुपए की राशि स्वीकृत की गई है, जिसका कार्य मार्च में पूरा हो जाएगा। दूसरे चरण के लिए 200 करोड़ रुपए से अधिक के नए प्रोजेक्ट प्रस्तावित किए गए हैं और लक्ष्य है कि 31 मई 2026 तक फेज-1 व फेज-2 के सभी कार्य पूरे कर लिए जाएं। मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि मेजर ध्यानचंद के नाम पर बनी यह यूनिवर्सिटी प्रधानमंत्री मोदी के विजन के अनुरूप खेलों में भारत के सामर्थ्य को वैश्विक मंच तक ले जाने में सहायक होगी। विकसित भारत के अनुरूप यहां खेल और खेलकूद के पाठ्यक्रम भी उसी स्तर के होंगे।
अगस्त 2025 से शुरू हुआ शैक्षणिक सत्र
मुख्यमंत्री योगी (CM Yogi) के अनुसार, अगस्त 2025 से स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी का शैक्षणिक कार्य प्रारंभ हो चुका है। वर्तमान में इसकी कक्षाएं सरदार वल्लभ भाई पटेल कृषि विश्वविद्यालय मेरठ में संचालित हो रही हैं। वहीं, नए शैक्षणिक सत्र में यूनिवर्सिटी अपने स्वयं के कैंपस में स्थानांतरित हो जाएगी। यहां नियमित खेलों के साथ-साथ छह परंपरागत खेलों को शामिल करते हुए कुल 12 खेलों में डिप्लोमा, डिग्री और पोस्ट ग्रेजुएशन पाठ्यक्रम संचालित किए जाएंगे। इसके साथ ही खेल से जुड़े शोध पाठ्यक्रम भी प्रारंभ होंगे।
वर्ल्ड क्लास यूनिवर्सिटी बनाने का लक्ष्य
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ (CM Yogi) ने कहा कि सरकार का प्रयास है कि यह संस्थान वर्ल्ड क्लास स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी के रूप में विकसित हो। इसके लिए यूनिवर्सिटी के सामने अभी से स्पष्ट लक्ष्य निर्धारित किए गए हैं। उन्होंने निर्देश दिए कि यहां उच्च गुणवत्ता वाली फैकल्टी की तैनाती हो और पूर्व खिलाड़ियों को कोच के रूप में जोड़ा जाए, ताकि प्रशिक्षण में अनुभव और व्यावहारिकता का समावेश हो सके। स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी को नई खेल संस्कृति के विकास का केंद्र बनाया जाएगा। पश्चिमी उत्तर प्रदेश में खेलों के प्रति बालक-बालिकाओं में विशेष रुचि है और यहां से अनेक ओलंपियन देश के लिए पदक जीत चुके हैं। उनकी प्रतिभा को देखते हुए सरकार ने प्रदेश में खेल संस्कृति को बढ़ावा देने की दिशा में कई कदम उठाए हैं। सीएम ने कहा कि मेरठ क्रांति की धरती रही है और स्वाधीनता आंदोलन में इस जनपद ने देश को नेतृत्व दिया। ‘वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट’ योजना के अंतर्गत स्पोर्ट्स आइटम्स को मेरठ के लिए जिला उत्पाद बनाया गया है।
स्पोर्ट्स कॉलेज और प्राइवेट एकेडमी को मिलेगा सरकार से सहयोग
मुख्यमंत्री योगी (CM Yogi) के अनुसार, स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी को केंद्र बनाकर हर मंडल में एक-एक स्पोर्ट्स कॉलेज स्थापित करने की दिशा में सरकार के स्तर पर प्रयास आगे बढ़ चुके हैं। यह भी तय किया गया है कि प्रदेश में खेलों के प्रोत्साहन के लिए कार्य करने वाली प्राइवेट स्पोर्ट्स एकेडमी को भी राज्य सरकार संचालन में सहयोग प्रदान करेगी।

